महाराष्ट्र के ठाणे जिले में एंटी-करप्शन ब्यूरो (ACB) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एक चावल व्यापारी से रिश्वत मांगने और लेने के आरोप में डिप्टी कमिश्नर (सप्लाई) समेत तीन लोगों को गिरफ्तार किया है। आरोप है कि अधिकारी ने व्यापारी को पुलिस केस से राहत दिलाने के बदले मोटी रकम की मांग की थी।
महाराष्ट्र ठाणे रिश्वत मामला: चावल व्यापारी से अवैध वसूली करते अफसर सहित तीन धराए
गिरफ्तार अधिकारी की पहचान अनिल सुधाकर टक्साले (55) के रूप में हुई है, जो कोंकण डिवीजन में डिप्टी कमिश्नर (सप्लाई) के पद पर तैनात थे। उनके साथ उनके दो सहयोगी साईं प्रतीम माधव और राजा गणेश थेवर को भी हिरासत में लिया गया है। तीनों पर भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है। एसीबी अधिकारियों के अनुसार, 30 दिसंबर 2025 को भिवंडी में हुई एक छापेमारी के दौरान अवैध अनाज भंडारण का मामला सामने आया था। इस संबंध में चावल व्यापारी और उसके बिजनेस पार्टनर के खिलाफ पुलिस केस दर्ज किया गया था। इसी मामले में मदद करने के बदले डिप्टी कमिश्नर ने रिश्वत की मांग की।
एसीबी इंस्पेक्टर सचिन मोरे ने बताया कि टक्साले ने कथित तौर पर ‘गुड लक’ मनी के नाम पर 5 लाख रुपये मांगे थे। इसके अलावा भविष्य में बिना किसी पुलिस कार्रवाई के व्यापार सुचारू रूप से चलता रहे, इसके लिए हर महीने 1.5 लाख रुपये की रकम देने की भी शर्त रखी गई थी। रिश्वत की मांग से परेशान व्यापारी ने 5 जनवरी को एसीबी से संपर्क किया। इसके बाद नवी मुंबई के एक होटल में जाल बिछाया गया, जहां टक्साले के एक सहयोगी को रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ लिया गया। इसके बाद मुख्य आरोपी टक्साले को उनके कोंकण भवन स्थित कार्यालय से गिरफ्तार किया गया।

