बीजेपी ने नितिन नबीन सिन्हा को नया कार्यकारी अध्यक्ष नियुक्त किया। वे पटना की बांकीपुर सीट से विधायक और बिहार सरकार में मंत्री हैं। जेपी नड्डा के बाद नितिन नबीन दूसरे कार्यकारी अध्यक्ष बने। बीजेपी के संविधान में कार्यकारी अध्यक्ष का कोई औपचारिक पद नहीं है। 2019 के बाद पार्टी ने पूर्णकालिक राष्ट्रीय अध्यक्ष से पहले यह परंपरा अपनाई। अध्यक्ष चुनाव की तारीख अभी स्पष्ट नहीं है। मीडिया रिपोर्ट्स जनवरी में चुनाव प्रक्रिया पूरी होने की बात कहती हैं। जेपी नड्डा का कार्यकाल भी जनवरी में समाप्त होगा। 2019 में अमित शाह के गृह मंत्री बनने पर पार्टी ने नड्डा को कार्यकारी अध्यक्ष बनाया था। राष्ट्रीय अध्यक्ष पार्टी का सर्वोच्च औपचारिक पद होता है। कार्यकारी अध्यक्ष अस्थायी और अनाधिकारिक पद माना जाता है। पार्टी ने कार्यकारी अध्यक्ष बनाकर सहमति से चुनाव का संकेत दिया। वरिष्ठ पत्रकारों के अनुसार इससे निर्विरोध चुनाव का रास्ता साफ होता है।
Also Read: मालदीव की राह पर ढाका? भारत-विरोध की राजनीति ने पकड़ी रफ्तार
नितिन नबीन बने बीजेपी के कार्यकारी अध्यक्ष, राष्ट्रीय अध्यक्ष चुनाव की प्रक्रिया तय
भारतीय जनता पार्टी ने नितिन नबीन सिन्हा को नया कार्यकारी अध्यक्ष नियुक्त किया। वे पटना की बांकीपुर सीट से विधायक और बिहार सरकार में मंत्री हैं। जेपी नड्डा के बाद नितिन नबीन दूसरे कार्यकारी अध्यक्ष बने। बीजेपी के संविधान में कार्यकारी अध्यक्ष का कोई औपचारिक पद नहीं है। 2019 के बाद पार्टी ने पूर्णकालिक अध्यक्ष से पहले यह परंपरा अपनाई। अध्यक्ष चुनाव की तारीख अभी स्पष्ट नहीं है। मीडिया रिपोर्ट्स जनवरी में चुनाव प्रक्रिया पूरी होने की बात कहती हैं। जेपी नड्डा का कार्यकाल भी जनवरी में समाप्त होगा। 2019 में अमित शाह के गृह मंत्री बनने पर नड्डा को कार्यकारी अध्यक्ष बनाया गया। राष्ट्रीय अध्यक्ष पार्टी का सर्वोच्च औपचारिक पद होता है। कार्यकारी अध्यक्ष अस्थायी और अनाधिकारिक पद माना जाता है। पार्टी ने कार्यकारी अध्यक्ष बनाकर सहमति से चुनाव का संकेत दिया। वरिष्ठ पत्रकारों के अनुसार इससे निर्विरोध चुनाव का रास्ता साफ होता है।
Also Read: एक्सप्रेसवे बना मौत का रास्ता तीन जिंदा जले

