विजय के नेतृत्व में तमिलनाडु में सरकार बनाने के लिए 118 सीटों की जरूरत है, लेकिन किसी भी दल ने यह आंकड़ा हासिल नहीं किया। हालांकि, उनकी तमिलगा वेत्री कड़गम – टीवीके सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी। तमिलनाडु में सरकार बनाने के लिए 118 सीटों की जरूरत है, लेकिन किसी भी दल ने यह आंकड़ा हासिल नहीं किया। हालांकि, Vijay (विजय) की Tamilaga Vettri Kazhagam (तमिलगा वेत्री कड़गम – टीवीके) सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी। कानूनी विशेषज्ञों ने कहा कि 10 मई तक नई विधानसभा का गठन करना जरूरी है, क्योंकि मौजूदा विधानसभा का कार्यकाल उसी दिन समाप्त हो रहा है। विजय के नेतृत्व वाली टीवीके के पास 108 सीटें हैं और वह बहुमत से सिर्फ 10 सीट दूर है।
Also Read: लोन न चुकाने पर बैंक संपत्ति जब्त कर सकेंगे, RBI का मसौदा नियम जारी
विजय समर्थन जुटाने में लगे, कहां से मिलेगा साथ?
वरिष्ठ पत्रकार कुपेंद्रन ने कहा कि विजय बिना जटिल प्रक्रियाओं के भी सरकार बनाने का दावा पेश कर सकते हैं। उनके अनुसार, विजय बहुमत वाले विधायकों के समर्थन पत्र के साथ राज्यपाल से मिल सकते हैं। कुपेंद्रन ने बताया कि गैर-डीएमके और एआईएडीएमके दलों के पास 11 से अधिक विधायक हैं। ये विधायक टीवीके को समर्थन दे सकते हैं। इनमें Indian National Congress (कांग्रेस) के पाँच,वीसीके के दो, वाम दलों के चार और Desiya Murpokku Dravida Kazhagam (डीएमडीके) का एक विधायक शामिल है। वहीं, वरिष्ठ पत्रकार शिवप्रियन ने कहा कि डीएमके गठबंधन के अलावा पीएमक और एएमएमके जैसी पार्टियां भी विजय का साथ दे सकती हैं।
हालांकि, शिवप्रियन ने स्पष्ट किया कि यदि डीएमके, एआईएडीएमके याबीजेपी समर्थन की पेशकश करें, तब भी विजय के लिए उसे स्वीकार करना संभव नहीं होगा। कुपेंद्रन ने कहा कि विजय पहले ही गठबंधन सरकार की बात सार्वजनिक रूप से कर चुके हैं। Indian National Congress (कांग्रेस) भी लगातार इस मांग पर जोर दे रही है। उन्होंने आगे कहा कि यदि विजय बीजेपी के विरोध के अपने रुख पर कायम रहते हैं, तो(इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग) के दो विधायक भी टीवीके का समर्थन कर सकते हैं। ऐसे में विजय विश्वास मत से पहले ही समर्थन पत्र सौंपकर सरकार बना सकते हैं। यह कदम अगले लोकसभा चुनाव के लिए संभावित गठबंधन की शुरुआत भी बन सकता है।
Also Read: असम में JMM प्रदर्शन: 16 सीटों पर हार, फिर भी खुश हेमंत सोरेन

