• Tue. Nov 3rd, 2026
अकाल तख्त

भगवंत मान एक बार फिर विवादों में आ गए हैं। रिपोर्ट्स के अनुसार, अकाल तख्त ने उन्हें “गुरु दोखी” और “खालसा पंथ विरोधी” घोषित किया है। यह फैसला एक विवादित वीडियो की जांच के बाद लिया गया बताया जा रहा है।

सिख धार्मिक अधिकारियों का कहना है कि स्वतंत्र फॉरेंसिक जांच में वीडियो को असली पाया गया। इसके बाद अकाल तख्त ने इस मामले पर अपना निर्णय सुनाया। इस फैसले ने पंजाब की राजनीति में नई चर्चा शुरू कर दी है।

Also Read : शिवसेना UBT में टूट की अटकलें, दिल्ली में बैठक

भगवंत मान को लेकर अकाल तख्त के फैसले ने पंजाब में नई राजनीतिक

अकाल तख्त के फैसले पर राजनीतिक दलों, सिख संगठनों और आम लोगों की अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आई हैं। भगवंत मान पहले भी इस वीडियो से जुड़े आरोपों को खारिज कर चुके हैं। उन्होंने विवादित वीडियो को लेकर लगाए गए दावों से असहमति जताई थी। कुछ लोगों ने इस कदम का समर्थन किया है, जबकि कुछ ने इस पर सवाल भी उठाए हैं। फिलहाल इस नए घटनाक्रम पर उनकी ओर से विस्तृत प्रतिक्रिया का इंतजार है। यह मामला पंजाब की राजनीति और धार्मिक भावनाओं से जुड़ा होने के कारण काफी संवेदनशील माना जा रहा है। आने वाले दिनों में भगवंत मान और पंजाब सरकार की प्रतिक्रिया पर सभी की नजर रहेगी।

Also Read : CCTV निगरानी और पाबंदियों से तंग नवविवाहिता ने की आत्महत्या, पति हिरासत में

Share With Your Friends If you Loved it!